
लेखक
Shrinivas Shrikanth
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श्रीनिवास श्रीकान्त
जन्मः 12 नवम्बर, 1937
शिक्षाः स्नातक, पंजाब विश्वविद्यालय
प्रकाशित कृतियांः 1. नियति, इतिहास और जरायु-कविता 2. बात करती है हवा-कविता, 3. घर एक यात्रा है-कविता, 4. हर तरफ समन्दर है-गीत गजल संग्रह, 5. चट्टान पर लड़की-कविता संग्रह, 6: आदमी की दुनिया का दिन-कविता संग्रह
7. एक भू-खण्ड - संपादित कविता संग्रह, 6. कया में पहाड़-पहाड़ के कथाकारों पर संपादित कहानी संग्रह, 7. गल्प के रंग-आलोचना, 8. कया त्रिकोण आलोचना, 9: एक कविता संग्रह प्रकाशनाधीन
अन्यः 1. किन्नौरी लोक कया पर आधारित संगीत नृत्य नाटक-हिनाडंडुव और लाटी शेरजंग और महासमर की गौरव गाथा (1857 से 1947 तक का स्वतन्त्रता संग्राम) नाटकों का लेखन व दूरदर्शन से प्रसारण।, 2. जर्मन नाटक टाईपिस्ट का हिन्दी अनुवाद।, 3. ग्रीक नाटक एंटीगनी का हिन्दी अनुवाद। 4. दूरदर्शन और आकाशवाणी के लिए कई संगीत रूपकों का लेखन एवं प्रसारण। इन केन्द्रों से निरन्तर कविताओं का प्रसारण।, 5. प्रदेश सरकार की पत्रिका हिमप्रस्य और गिरिराज के संपादक मंडल में कार्य। हिन्दी पत्रिका जनपक्ष मेल में संपादक।, 6. सातवें दशक में 'काल' नामक साहित्यिक पत्रिका का संपादन और प्रकाशन।, 7. सार्त, कामू, एजरापांउड, गुण्टर ग्रास, फ्राएड और जुंग का विशेष अध्ययन और हिन्दी में कई लेखों का प्रकाशन। 8. प्रदेश व देश से प्रकाशित होने वाली हिन्दी व अंग्रेजी की साहित्यिक एवं अन्य पत्रिकाओं के लिए निरन्तर आलोचनात्मक लेखन और कविताओं तथा गीतों का प्रकाशन।, 9: आकाशवाणी शिमला से कई गीतों का प्रसारण।
सम्मान पुरस्कारः हिमालय साहित्य और संस्कृति मंच शिमला हिमाचल द्वारा 'जीवन उपलब्धि सम्मान' से अलंकृत। रूपाम्बरा द्वारा दिनकर सम्मान 1998 1
जन्मः 12 नवम्बर, 1937
शिक्षाः स्नातक, पंजाब विश्वविद्यालय
प्रकाशित कृतियांः 1. नियति, इतिहास और जरायु-कविता 2. बात करती है हवा-कविता, 3. घर एक यात्रा है-कविता, 4. हर तरफ समन्दर है-गीत गजल संग्रह, 5. चट्टान पर लड़की-कविता संग्रह, 6: आदमी की दुनिया का दिन-कविता संग्रह
7. एक भू-खण्ड - संपादित कविता संग्रह, 6. कया में पहाड़-पहाड़ के कथाकारों पर संपादित कहानी संग्रह, 7. गल्प के रंग-आलोचना, 8. कया त्रिकोण आलोचना, 9: एक कविता संग्रह प्रकाशनाधीन
अन्यः 1. किन्नौरी लोक कया पर आधारित संगीत नृत्य नाटक-हिनाडंडुव और लाटी शेरजंग और महासमर की गौरव गाथा (1857 से 1947 तक का स्वतन्त्रता संग्राम) नाटकों का लेखन व दूरदर्शन से प्रसारण।, 2. जर्मन नाटक टाईपिस्ट का हिन्दी अनुवाद।, 3. ग्रीक नाटक एंटीगनी का हिन्दी अनुवाद। 4. दूरदर्शन और आकाशवाणी के लिए कई संगीत रूपकों का लेखन एवं प्रसारण। इन केन्द्रों से निरन्तर कविताओं का प्रसारण।, 5. प्रदेश सरकार की पत्रिका हिमप्रस्य और गिरिराज के संपादक मंडल में कार्य। हिन्दी पत्रिका जनपक्ष मेल में संपादक।, 6. सातवें दशक में 'काल' नामक साहित्यिक पत्रिका का संपादन और प्रकाशन।, 7. सार्त, कामू, एजरापांउड, गुण्टर ग्रास, फ्राएड और जुंग का विशेष अध्ययन और हिन्दी में कई लेखों का प्रकाशन। 8. प्रदेश व देश से प्रकाशित होने वाली हिन्दी व अंग्रेजी की साहित्यिक एवं अन्य पत्रिकाओं के लिए निरन्तर आलोचनात्मक लेखन और कविताओं तथा गीतों का प्रकाशन।, 9: आकाशवाणी शिमला से कई गीतों का प्रसारण।
सम्मान पुरस्कारः हिमालय साहित्य और संस्कृति मंच शिमला हिमाचल द्वारा 'जीवन उपलब्धि सम्मान' से अलंकृत। रूपाम्बरा द्वारा दिनकर सम्मान 1998 1
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