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Pakka Iradha

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2026

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माइकेल ध्यान से सुनने लगा। गाड़ीवान ने भी ध्यान से सुना और थोड़ी देर बाद बोला- "वृथा आशा ! इस समय हम लोग किसी पर उपकार करने की स्थिति में नहीं हैं।" माइकेल ने कहा- "क्यों ? यदि हम लोग किसी ऐसी मुसीबत में आ गये होते तो वे क्या हमको बचाने नहीं आते ?" "ओह ! घोड़े इतना थक गये हैं कि एक कदम आगे नहीं चलेंगे।" गाड़ीवान बोला। माइकेल ने कहा- "घोड़ों की कोई जरुरत नहीं है। मैं वहाँ पैदल पहुँच जाऊँगा।" "मैं भी आपके साथ आऊँगी।" नादिया बोली। "नहीं, तुझे मेरे साथ आने की आवश्यकता नहीं है। तू यहीं रह। गाड़ीवान भी तेरे साथ रहेगा।" "अच्छा भैया ! मैं आपकी प्रतीक्षा करूँगी।" "किंतु एक बात का ध्यान रखना। तू यहाँ से कहीं इधर-उधर मत जाना।" "आप इस विषय में चिंता मत करें। मैं आपकी प्रतीक्षा करती हुई यहीं पड़ी रहूँगी।"

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